परिवहन विभाग में नया ‘सौरभ शर्मा’! नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार का बड़ा आरोप — “भ्रष्टाचार की सड़क पर दौड़ रही सरकार”

भोपाल – मध्यप्रदेश के परिवहन विभाग में भ्रष्टाचार को लेकर सियासत गरमा गई है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने विभाग में चल रहे कथित घोटाले का बड़ा खुलासा करते हुए सरकार पर तीखे प्रहार किए हैं। सिंघार ने दावा किया कि विभाग में एक नया “सौरभ शर्मा” जन्म ले चुका है, जो पोस्टिंग और वसूली के कारोबार को आगे बढ़ा रहा है।
🔴 नेता प्रतिपक्ष के आरोप
उमंग सिंघार ने कहा कि परिवहन विभाग में एक रिटायर्ड आरटीआई अधिकारी बघेल के माध्यम से पूरे प्रदेश में पोस्टिंग के नाम पर बोली और नाकों की वसूली का जाल बिछा हुआ है, जबकि सरकार इस पर मौन साधे बैठी है।
सिंघार ने आरोप लगाया कि मंत्री के स्टाफ में शामिल वीरेंद्र तिवारी, जिसकी कोई आधिकारिक पदस्थापना तक नहीं है, इस पूरे खेल में सीधे तौर पर शामिल है। बताया जा रहा है कि तिवारी और बघेल मिलकर पोस्टिंग और वसूली के इस “नेटवर्क” को चला रहे हैं।

💬 “भ्रष्टाचार कार्यसंस्कृति बन चुका है”
नेता प्रतिपक्ष ने तीखा वार करते हुए कहा —
“परिवहन विभाग भ्रष्टाचार की सड़क पर तेज़ रफ़्तार से दौड़ रहा है। यहाँ अब योग्यता नहीं, जेब की गहराई तय करती है पोस्टिंग! लगता है, भ्रष्टाचार विभाग की कार्यसंस्कृति बन चुका है।”
सिंघार ने आगे कहा कि भाजपा सरकार “भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस” की बात तो करती है, लेकिन हकीकत में विभागों में नए दलाल पैदा कर रही है।

⚡ “सिस्टम नहीं, सौदेबाज़ी चल रही है”
सिंघार ने कहा –
“परिवहन विभाग की गाड़ी बिना ब्रेक के दौड़ रही है और सरकार सिर्फ़ ड्राइवर बदलने में लगी है। मध्यप्रदेश में अब सिस्टम नहीं, सौदेबाज़ी चल रही है।”
🧭 विपक्ष का सीधा सवाल
कांग्रेस ने मुख्यमंत्री और परिवहन मंत्री से पूछा है कि यदि “जीरो टॉलरेंस” नीति वास्तव में लागू है, तो विभाग में चल रही इन गतिविधियों पर तुरंत कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही?
वहीं भाजपा सरकार की ओर से अभी तक इस आरोप पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।











