मध्य प्रदेश में पटवारियों के प्रदर्शन पर सरकार सख्त, कलेक्टरों को भी अल्टीमेटम
मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल की दोटूक—काम नहीं हुआ तो भोपाल तलब होंगे कलेक्टर
मध्य प्रदेश। पटवारियों के प्रदर्शन के बीच स्वामित्व योजना के काम में हो रही देरी को लेकर शासन ने सख्त रुख अपना लिया है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल ने सभी कलेक्टरों को सात दिन के भीतर योजना का काम पटवारियों से पूरा कराने की चेतावनी दी है। तय समय में काम नहीं होने पर संबंधित कलेक्टरों को भोपाल बुलाया जा सकता है।
मुख्य सचिव ने इसे जिला प्रशासन की विफलता बताते हुए स्पष्ट किया कि पटवारी और तहसीलदारों से काम कराना कलेक्टरों की जिम्मेदारी है। उन्होंने पहले पटवारियों को समझाइश देने और जरूरत पड़ने पर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही, पटवारियों से काम नहीं करा पाने वाले तहसीलदारों पर भी कार्रवाई के संकेत दिए।
बर्णवाल ने नाराजगी जताते हुए कहा कि तीन सप्ताह बीतने के बावजूद योजना का काम आगे नहीं बढ़ना उचित नहीं है। उन्होंने साफ किया कि भूमि संबंधी राजस्व कार्य पटवारियों से ही कराए जाएंगे। प्रशासन को हर हाल में स्वामित्व योजना का काम पूरा कराना होगा।
अब देखना होगा कि सात दिन की इस समयसीमा के बाद जिला प्रशासन क्या कदम उठाता है और पटवारियों के प्रदर्शन के बीच योजना की रफ्तार कितनी बढ़ पाती है।










