
भोपाल। राजधानी के ऐतिहासिक गौहर महल में परी बाज़ार हेरिटेज फ़ेस्टिवल–2025 के छठे संस्करण का भव्य शुभारंभ महिला एवं बाल विकास मंत्री सुश्री निर्मला भूरिया ने किया। 11 से 14 दिसम्बर तक आयोजित यह उत्सव शहर की सांस्कृतिक विरासत, परंपरा और महिला सशक्तिकरण का अद्भुत संगम प्रस्तुत कर रहा है।

मंत्री सुश्री भूरिया ने कहा कि परी बाज़ार सिर्फ एक सांस्कृतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि भोपाल की ऐतिहासिक पहचान और महिलाओं की आर्थिक-सामाजिक प्रगति का प्रतीक है। उन्होंने 150 वर्ष पुरानी महिला बाज़ार की परंपरा को आधुनिक रूप देने की सराहना करते हुए बेगम ऑफ भोपाल क्लब और डब्लूईईएस के 2017 से जारी समाजसेवी कार्यों को विशेष बधाई दी।

उन्होंने बताया कि डब्लूईईएस अब तक 2000 से अधिक महिलाओं और युवतियों को शिक्षा, कौशल और सम्मानजनक आजीविका से जोड़ चुका है, साथ ही 7 आंगनबाड़ी केंद्रों को गोद लेकर मातृ एवं बाल पोषण में सराहनीय योगदान दे रहा है। मंत्री ने लाड़ली लक्ष्मी, लाड़ली बहना, बेटी बचाओ–बेटी पढ़ाओ और प्रदेश की एक लाख आंगनबाड़ियों के माध्यम से महिला सशक्तिकरण को मिले मजबूत आधार का भी उल्लेख किया।

इस वर्ष फेस्टिवल में शामिल ट्राइबल फ़ूड फेस्टिवल को विशेष आकर्षण बताते हुए उन्होंने जनजातीय समाज की पाक परंपरा को प्रकृति–सम्मत जीवन का ज्ञान कहा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के सांस्कृतिक संरक्षण प्रयासों की सराहना करते हुए उन्होंने नागरिकों से इस पहल को और मजबूती देने की अपील की।

कार्यक्रम में सुश्री भूरिया ने कला, साहित्य, खेल, उद्यमिता और सामाजिक सेवा में उत्कृष्ट कार्य करने वाली 15 विशिष्ट महिलाओं को ‘अनुवा सम्मान’ से सम्मानित किया। साथ ही फैजल मतीन, इकबाल मसूद, ज्योति रात्रे, करण कुकरेजा, सदाफ सोहेल, मो. साजिद, डॉ. नुसरत मेहंदी और कीर्ति सूद जैसी हस्तियों को भी विभिन्न विशेष पुरस्कारों से नवाज़ा गया।

गौहर महल में लगी कला, हस्तशिल्प, जनजातीय भोजन और स्वयंसिद्धा महिला उद्यमियों की प्रदर्शनी फेस्टिवल का प्रमुख आकर्षण बनी हुई है, जो भोपाल की सांस्कृतिक धरोहर और महिला शक्ति दोनों को एक ही मंच पर रोशन कर रही है।










